घर का कचरा बाहर फेंकना हमारे लिए रोज़मर्रा का काम है। लेकिन ज़रा सोचिए, अगर आप धरती से 400 किलोमीटर ऊपर अंतरिक्ष में हों, तो कचरा कैसे फेंका जाता है?
नासा के अंतरिक्ष यात्रियों के लिए यह किसी साइंस फिक्शन फिल्म का सीन नहीं है। यह बस उनके एक आम दिन की शुरुआत है।
धरती के वायुमंडल में जलेगा कचरे का यान
इस सप्ताह की शुरुआत में, इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (ISS) पर ‘प्रोग्रेस 92’ नाम के एक कार्गो अंतरिक्ष यान ने अपनी जगह छोड़ी। सुबह 9:24 बजे (EDT) यह बिना इंसान वाला यान स्टेशन के ‘पोइस्क’ मॉड्यूल से अलग हुआ।
इसका काम सिर्फ स्टेशन से दूर जाना नहीं था।
यह यान अंतरिक्ष यात्रियों द्वारा भरे गए कचरे को लेकर धरती के वायुमंडल की तरफ बढ़ रहा है। वहां यह एक सोची-समझी योजना के तहत जलकर नष्ट हो जाएगा। अंतरिक्ष में कचरा निपटाने का यह सबसे सुरक्षित तरीका है।
8 बजे खुलेगा क्वेस्ट एयरलॉक का दरवाज़ा
कचरे का यान जाने के बाद, अभियान 74 (Expedition 74) के चालक दल ने अपना ध्यान स्पेस वॉक पर लगाया।
नासा के अंतरिक्ष यात्री क्रिस विलियम्स और जेसिका मीर बुधवार, 18 मार्च को सुबह करीब 8:00 बजे स्टेशन के ‘क्वेस्ट एयरलॉक’ से बाहर निकलेंगे। वे अंतरिक्ष के शून्य (vacuum) में कदम रखेंगे।
इस वॉक का मकसद स्टेशन के पोर्ट साइड पर एक मॉडिफिकेशन किट लगाना और केबल बिछाना है। यह भविष्य में लगने वाले नए सोलर ऐरे की तैयारी का हिस्सा है।
सूट की बैटरी और औज़ारों की जांच
अंतरिक्ष में एक छोटी सी गलती भारी पड़ सकती है। इसलिए विलियम्स और मीर अपना पूरा दिन एयरलॉक के अंदर तैयारियों में बिता रहे हैं।
उन्होंने अपने शरीर के वाइटल साइन (vital signs) चेक किए और स्पेस सूट की बैटरी बदली। उस हार्डवेयर को हाथों से परख कर देखा जिसे वे शून्य में इस्तेमाल करेंगे।
नासा इन दोनों की स्पेस वॉक की पूरी जानकारी दोपहर 2:00 बजे एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में देगा। इसे एजेंसी के यूट्यूब चैनल पर लाइव देखा जा सकता है।
पानी की रिकवरी और बायोलॉजिकल रिसर्च
जब दो यात्री बाहर जाने की तैयारी कर रहे थे, तब स्टेशन के अंदर भी काम चालू था। ‘ट्रैंक्विलिटी’ मॉड्यूल में नासा के जैक हैथवे ने स्टेशन के वाटर रिकवरी सिस्टम की मरम्मत की।
अंतरिक्ष में पानी की एक-एक बूंद कीमती है। हैथवे ने इसके बाद कुछ स्पेस सूट हेलमेट की लाइटें भी बदलीं।
बाद में वे ‘डेस्टिनी’ लेबोरेटरी मॉड्यूल में गए। वहां उन्होंने एडवांस्ड स्पेस एक्सपेरिमेंट प्रोसेसर (ADSEP-2) में कैसेट बदले। इस मशीन के अंदर कोशिकाओं, टिश्यू, प्रोटीन क्रिस्टल और बैक्टीरिया पर रिसर्च होती है।
अंतरिक्ष में साइकिल चलाना और सेहत की जांच
यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी (ESA) की सोफी एडेनॉट ने सोमवार को अपने दिल की सेहत जांची। उन्होंने स्टेशन की खास साइकिल ‘CEVIS’ पर व्यायाम किया।
साइकिल चलाने से पहले उन्होंने ‘बायो-मॉनिटर’ पहना। यह एक खास तरह का कपड़ा और हेडबैंड है जो दिल की धड़कन, ब्लड प्रेशर और शारीरिक गतिविधि को मापता है।
डेटा रिकॉर्ड करने के बाद उन्होंने अपना सारा सामान समेटा। फिर वे जैक हैथवे के साथ मरम्मत के काम में हाथ बंटाने चली गईं।
रूसी क्रू का फोटोग्राफी और फिटनेस टेस्ट
स्टेशन के दूसरी तरफ, तीन रूसी अंतरिक्ष यात्री भी सोमवार को अपने काम में व्यस्त थे। कमांडर सर्गेई कुद-स्वेरचकोव ने दिन की शुरुआत पेलोड उपकरणों की तस्वीरें खींचकर की।
उन्होंने वोल्टेज कन्वर्टर्स की भी जांच की। बाद में उनके साथ फ्लाइट इंजीनियर सर्गेई मिकाएव जुड़ गए। दोनों ने मिलकर कम्युनिकेशन सॉफ्टवेयर का टेस्ट किया और दिन भर के काम का हिसाब लिखा।
मिकाएव ने फ्लाइट इंजीनियर एंड्री फेड्याएव के साथ मिलकर अपना फिटनेस टेस्ट भी दिया। उन्होंने अपने शरीर पर ऐसे सेंसर लगाए जो दिल की इलेक्ट्रिकल एक्टिविटी और ब्लड प्रेशर मापते हैं।
एक आम दिन, धरती से मीलों दूर
चाहे कचरा फेंकना हो या स्पेस सूट की बैटरी बदलना, ISS पर मौजूद इन अंतरिक्ष यात्रियों के लिए यह सब एक रूटीन का हिस्सा है।
बुधवार सुबह 8 बजे जब मीर और विलियम्स अंतरिक्ष के अंधेरे में कदम रखेंगे, तो वे बस इसी काम को आगे बढ़ा रहे होंगे।

